SEO friendly blog post kaise likhe |10 तरीके गूगल का फर्स्ट पेज पे रैंक करने का

गूगल के फर्स्ट पेज पर पोस्ट रैंक करने का तरीका क्या है? SEO friendly blog post kaise likhe यह सवाल हर ब्लॉगर के मन में बार-बार आता है। इस तरीका को जाने बिना एक ब्लॉगर कभी भी सक्सेस नहीं हो सकता, चाहे वह कितना भी आर्टिकल लिख ले।

अगर आप भी इस विधा (ज्ञान) को सीख के ब्लॉगिंग में सक्सेस होना चाहते हैं, तो इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद आप एक SEO फ्रेंडली ब्लॉग पोस्ट लिखने लगेंगे। अगर ब्लॉगिंग में निराश हो गए है तो यह पोस्ट पढ़ने के बाद आपको ब्लॉगिंग में आशा की किरण नजर आने लगेगी।

इतना ही नहीं जितने तरीके में बताने वाला हूं अगर आप ने उन सभी तरीकों पर काम कर लिया तो यकीन मानिए आपका ब्लॉग पोस्ट गूगल का फर्स्ट पेज पर रैंक करने लगेगा। तो चलिए इस सफर पर आगे बढ़ते हैं स्वागत है दोस्तों आपका हमारे ब्लॉग पर जिसका नाम है Digital Expert Hindi

SEO friendly blog post kaise likhe?

सर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन मतलब SEO ब्लॉगिंग या ऑनलाइन बिजनेस का लाइफ लाइन कह सकते हैं इसे तो चलिए जानते हैं इसका ब्लॉग पोस्ट में कैसे यूज किया जाता है।

एक SEO फ्रेंडली पोस्ट वही होता है जो Google के सभी गाइडलाइन के हिसाब से लिखा गया हो जैसे: सही कीवर्ड का इस्तेमाल करना ,Unique कॉन्टेंट का होना। Title, मेटा डिस्क्रिप्शन,Alt text इमेज और H2 H3 H4 का अर्टिगा में सही से यूज़ करना इत्यादि बगैरा।

वैसे तो एक आर्टिकल लिखते समय इन सभी विषय पर ध्यान रखना पड़ता है किंतु पोस्ट को रैंक कराने का सबसे बड़ा योगदान होता है keyword का, क्योंकि SEO फ्रेंडली पोस्ट लिखने के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्य होता है सही कीवर्ड का चयन करना। तो पहले कीवर्ड के बारे में जान लेते हैं फिर आगे बढ़ेंगे।

keyword kya hota hai

अगर आपको keyword kya hota hai नहीं मालूम है तो मैं बता देना चाहता हूं । कीवर्ड उसे कहते हैं जो लोगों द्वारा इंटरनेट पे ज्यादा से ज्यादा सर्च किया जाता है।

किस चीज के बारे में कितना सर्च किया जाता है, इसको जानने के लिए हमें कीवर्ड्स रिसर्च टूल पे देखना पड़ता है। यह टूल फ्री भी होता है और पैड भी होता है।

इंटरनेट पर सर्च करने से बहुत सारे फ्री कीवर्ड रिसर्च टूल मिल जाती है। वैसे फ्री में सबसे अच्छा टूल गूगल का है जिसका नाम है Google keywords planner
शुरुआत में आप भी इस फ्री कीवर्ड रिसर्च टूल का यूज कर सकते हैं। SEO kya hai ये भी पढ़े।

और अगर पैड कीवर्ड रिसर्च टूल की बात करूं तो जो पॉपुलर है वह है SEMrush, Ahrefs इसका आपको सब्सक्रिप्शन प्लान लेनी पड़ेगी तभी आप यूज कर सकते हैं। अगर आप Afford कर सकते हैं तो पैड टूल के साथ जा सकते हैं।

1.कीवर्ड का चयन

अगर आपका ब्लॉग अभी नए हैं या ऑर्गेनिक ट्रैफिक बहुत कम आ रहा है। तो आपको long-tail कीवर्ड का चयन करना चाहिए जिसका कंपटीशन लो हो।

कीवर्ड लॉन्ग टेल और शॉर्ट टेल दो तरह के होते हैं। लॉन्ग टेल कीवर्ड उसे कहते हैं जिसमे 2 से अधिक वर्ड हो For Exp: (affiliate marketing kaise shuru kare) या (SEO friendly blog post kaise likhe) ये दोनो लॉन्ग टेल कीवर्ड हुआ

शॉर्ट टेल कीवर्ड For Exp: (affiliate marketing) ये शॉट टेल कीवर्ड हुआ। यहां आप स्क्रीनशॉट में भी देख सकते हैं।

SEO friendly blog post kaise likhe
long tail & short tail keyword

इसी तरह आप भी लॉन्ग टेल कीवर्ड्स सर्च करके उस पर आर्टिकल लिख सकते हैं।

2.Blog post title kaise likhen?

टाइटल में हमेशा फोकस कीवर्ड यूज करें (focush keyword) मतलब आपका मेन कीवर्ड जिसको आधार बनाकर आप आर्टिकल लिखने जा रहे हैं। वो टाइटल में आगे होना चाहिए।

कीवर्ड के साथ कुछ एक्स्ट्रा वर्ड और नंबर जोर करके एक अट्रैक्टिव टाइटल बनाएं For Exp. इस पोस्ट का टाइटल को ही ले लीजिए मेन कीवर्ड है (SEO friendly blog post kaise likhe) और मैंने इस पोस्ट का फुल टाइटल इस तरह रखा है [ SEO friendly blog post kaise likhe |10 तरीके गूगल का फर्स्ट पेज पे रैंक करने का ]

इसी तरह आप भी कीवर्ड के पीछे एक्स्ट्रा वर्ड नंबर और साल जोड़ के अट्रैक्टिव टाइटल बना सकते हैं पर ध्यान रहे टाइटल में वर्ण (letter) 60 से ज्यादा नहीं होना चाहिए।

3.ब्लॉग पोस्ट कितने सब्दो में लिखे?

किसी विषय पर आर्टिकल लिखने का मतलब होता है उस विषय का आर्टिकल में पूरी डिटेल से जानकारी होना चाहिए। तभी वो एक अच्छा आर्टिकल कहलाता है।

आजकल हर विषय से रिलेटेड यूट्यूब पर हजारों वीडियो मौजूद है पर एक छोटी सी वीडियो में पूरी डिटेल से किसी टॉपिक पर जानकारी देना असंभव है। क्योंकि लंबा वीडियो लोगों को बोरिंग कर देता है। लोग देख नहीं पाते यही कारण है कि आज कल किसी भी टॉपिक पर पांच से 10 मिनट का ही वीडियो बनता है।

पर आर्टिकल में ऐसा नहीं है लोग आर्टिकल पढ़ते ही इसलिए है कि उसको पूरी डिटेल में जानकारी चाहिए इसलिए हमें आर्टिकल लिखते समय ध्यान रखना चाहिए उस विषय से रिलेटेड हर पॉइंट को कवर करें।

इस तरह से अगर आप एक यूज फुल आर्टिकल लिखते हैं तो मिनिमम हजार वर्ड का होई जाएगा पर आप को कम से कम 15 सो से दो हजार वर्ड्स का आर्टिकल लिखनी चाहिए।

4.SEO Friendly Url कैसे बनाएं?

किसी भी पोस्ट का url मतलब पोस्ट लिंक SEO फ्रेंडली होना मोस्ट इंपोर्टेंट है। URL हमारे कंटेंट को समझने में Search Engine Crawlers का मदद करता है।

इसीलिए URL का SEO Friendly होना आपके वेबसाइट के रैंकिंग के लिए बहुत जरूरी है। URL में अपनी main keyword का उपयोग जरूर करें। साथ ही इसे URL के शुरुआत में लगाए।

यूआरएल हमेशा छोटा रखें आपका url जितना छोटा होगा उतना अच्छा है इसलिए कीवर्ड के अलावा और कोई वर्ड फालतू का ना जोड़ें। एक बात का ध्यान रखें आपका पोस्ट टाइटल अलग होता है और url अलग होता है।

टाइटल में आप कीवर्ड के अलावा वर्ड जोड़ सकते हैं पर url में ऐसा बिल्कुल ना करें हमेशा डिफॉल्ट यूआरएल को कस्टमाइज करें।

उदाहरण के लिए जैसे: आपने टाइटल रखा (blog kya hai sabhi jankari Hindi Me 2021) तो आपका डिफॉल्ट URL बनेगा कुछ इस तरह: (https://abc.com/blog-kya-hai -sabhi-jankari -hindi-me-2021/) यह बिल्कुल SEO फ्रेंडली यूआरएल नहीं हुआ इसको हमेशा कस्टमाइज करें।

URL को एडिट करने का ऑप्शन रहता है हमेशा Edit करने के बाद ही पब्लिश करें। जैसे आपका फोकस कीवर्ड है (ब्लॉग क्या है) और आपने टाइटल बनाया कुछ इस तरह

(blog kya hai sabhi jankari Hindi Me 2021) तो आपका url होना चाहिए कुछ इस तरह: (https://abc.com/blog-kya-hai/) या https://abc.com/blog-kya-hai-hindi/)

अगर कभी आपको url में कोई वर्ड जोड़ना भी है तो कीवर्ड के पीछे जोड़ें जैसे (in Hindi) या hindi लोग लगा देते हैं। ऐसा कर सकते हैं पर इसके अलावा meaningless वर्ड ना जोड़े।

यूआरएल में शब्द को रिपीट ना करें यदि URL में बहुत सारे words एक जैसे होते है, तो यह keyword stuffing माना जायेगा और आपके website की रैंकिंग में फर्क पड़ेगा।

और हां आपका यूआरएल हमेशा रोमन लिपि में ही होना चाहिए। ऐसा नहीं है कि देवनागरी लिपि हिंदी में नहीं हो सकता। हो सकता है पर आपका यूआरएल थोड़ा लंबा हो जाएगा जो कि अटपटा सा दिखेगा।

5.Permalinks सेटिंग

अगर आपकी ब्लॉग WordPress पे है तो आपको अपने अनुसार Permalinks चुनने का Option मिल जाता है।

आपको ध्यान रखना है यहां कई तरह के Permalinks Structure देखने को मिलेगा। पोस्ट नेम Structure ही सबसे बेहतर और SEO Friendly होता। इसलिए आप इसका ही चयन करें।

Post Name URL Structure को चुनने के लिए आपको:

Step1: WordPress Dashboard पे जाये

Step2: Settings Option पे क्लिक करें।

Step3: Permalinks पे क्लिक करें।

Step4: Post Name को Select और सेव पर क्लिक करें। यहां स्क्रीनशॉट में देखें।

6.इमेज में Alt Tag का प्रोयोग करे

Alt tag भी SEO के हिसाब से महत्वपूर्ण है जब भी आप पोस्ट लिखते हैं तो इमेज का इस्तेमाल तो जरूर करते होंगे। कोई भी सर्च इंजन इमेज को नहीं पढ़ सकता है। जब तक हम search engine को यह नहीं बताएंगे ये इमेज किस बारे में है तब तक सर्च इंजन तय नहीं कर पाएगा आखिर इमेज किस बारे में है।

इसी लिए Alt tag का यूज किया जाता है। जब भी आप गूगल पर कुछ सर्च करते हैं। तो उस से रिलेटेड बहुत सारे इमेज भी आपको दिखाई देती है। जिसपे आप क्लिक करेंगे तो आपको इमेज उस से रिलेटेड पोस्ट पे लेकर जाएगा। यही फायदा होता है Alt tag का,आपकी वेबसाइट पर इमेज के द्वारा भी ट्रैफिक आता है।

फ्यूचर इमेज के alt tag में हमेशा आप अपना मेन कीवर्ड को ही डाले,साथ ही टाइटल, कैप्शन, डिस्क्रिप्शन में भी आप मेन कीवर्ड को ही डाले यहां स्क्रीनशॉट में देखें।

7.Meta description optimisation

मेटा डिस्क्रिप्शन भी SEO के हिसाब से बहुत इंपोर्टेंट है। जब भी यूजर कोई भी क्योरी सर्च करता है तो 50% पोस्ट पर क्लिक करवाने का काम टाइटल करता है और 50% मेटा डिस्क्रिप्शन।

मेटा डिस्क्रिप्शन आपकी कॉन्टेंट का एक संक्षिप्त overview होता है, जो टाइटल के नीचे में दिखता है। जिसे देखकर यूजर को यह पता लग जाता है कि उसके सवालों के जवाब इस पोस्ट में मिलेगा कि नहीं?

इसलिए मेटा डिस्क्रिप्शन लिखना भी एक कला है। वैसे तो ज्यादातर मेटा डिस्क्रिप्शन डिफॉल्ट ले लेता है मतलब आर्टिकल का फर्स्ट पैराग्राफ जो होता है वही मेटा डिस्क्रिप्शन बन जाता है।

इसलिए आप अपने आर्टिकल का फर्स्ट पैराग्राफ में मेन कीवर्ड का यूज़ जरूर करें और हो सके तो रिलेटेड कीवर्ड को भी डाल दे। For Exp. आपका मेन कीवर्ड है ब्लॉग क्या है और रिलेटेड कीवर्ड है ब्लॉगिंग से पैसे कैसे कमाए?

तो फर्स्ट पैराग्राफ में इस तरह लिखिए (अक्सर लोग ब्लॉग क्या है और ब्लॉगिंग से पैसे कैसे कमाए इसके बारे में जानना चाहते हैं इस आर्टिकल में इन्हीं सारे सवालों का जवाब मिलेगा आपको।

8.Internal linking and External Linking करें

Internal linking मतलब आपके दूसरे पोस्ट का लिंक को करंट पोस्ट जो आप लिख रहे हैं उस आर्टिकल के बीच में ऐड करना है। पर रिलेटेड पोस्ट को ही ऐड करें।

इससे सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि अगर आपका कोई भी पोस्ट फर्स्ट पेज पर रैंक कर गया तो उसके माध्यम से आपकी ब्लॉग की बांकी पोस्ट पर भी विजिटर रीडायरेक्ट होते रहेंगे।

External linking वह हुआ जो आपके साइट से किसी दूसरे वेबसाइट पर रीडायरेक्ट होता है। SEO के नजरिए से यह भी मायने रखता है।

इसलिए आप भी किसी high authority वाले साइट का लिंक अपने पोस्ट के बीच में ऐड जरूर करें। जैसे: विकीपीडिया, फेसबुक, यूट्यूब, या किसी दूसरे का ब्लॉग का भी।

9. Heading and Subheading

Post में Heading और Subheading का इस्तेमाल जरूर करें आपकी पोस्ट का Title H1 Heading होता है इसलिए आप अपनी पोस्ट में दुसरे H1 Heading का इस्तेमाल न करें

पर आप SubHeading H2, H3, H4, H5, H6 इन सारे सबहेडिंग में आप अपने रिलेटेड कीवर्ड को यूज कर सकते हैं। पर H2 में मेन keyword को ही डाले।

10.Quality content

इन सबके अलावा आपको क्वालिटी कांटेक्ट भी लिखना पड़ेगा। हमेशा ध्यान रखें किसी भी ब्लॉग पोस्ट का कॉपी पेस्ट ना करें। जिस टॉपिक पर आप अपना पोस्ट लिखना चाहते हैं उस से रिलेटेड कोई बुक वगैरह पढ़ सकते हैं ।

टॉपिक से रिलेटेड इंटरनेट पर सर्च करें पढ़ कर नॉलेज ले फिर अपने ही शब्दों में उसे डाल दें। आप अपनी पोस्ट को सोशल मीडिया के सभी platform पे शेयर जरूर करें। और आप अपने पोस्ट के कमेंट का रिप्लाई भी जरूर किया करें इससे यूजर आपके साथ बंधा रहता है।

तो दोस्तों इस पोस्ट में इतना ही मुझे आशा है आपको ऐसे फ्रेंडली ब्लॉग पोस्ट कैसे लिखें और पोस्ट राइटिंग से संबंधित काफी कुछ सीखने को मिल गया होगा तो मेरे तरफ से best of luck फिर मिलूंगा आपसे एक नहीं पोस्ट में धन्यवाद।

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